लखनऊ, 12 सितंबर 2026। उत्तर प्रदेश राजस्व परिषद ने 11 सितंबर को भूमि बंटवारे से जुड़े धारा 116 पोर्टल, आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग (EWS) प्रमाणपत्र के पोर्टल और सरलीकृत खतौनी सेवा का शुभारंभ किया। भूमि के सह-खातेदार अब बंटवारे का वाद ऑनलाइन दाखिल कर सकेंगे। आवेदन के बाद नोटिस, लेखपाल की रिपोर्ट और प्रकरण की प्रगति को डिजिटल माध्यम से दर्ज करने की व्यवस्था बताई गई है।
धारा 116 के तहत संयुक्त भूमि के बंटवारे का मामला उठाया जाता है। नई व्यवस्था का उद्देश्य आवेदन से निस्तारण तक की स्थिति स्पष्ट करना और राजस्व कार्यालयों के बार-बार चक्कर कम करना है। ईडब्ल्यूएस प्रमाणपत्र के लिए भी ऑनलाइन आवेदन तथा लेखपाल और तहसीलदार की रिपोर्ट की डिजिटल प्रक्रिया शुरू की गई है।
सरलीकृत खतौनी में भूमि का क्षेत्रफल छह दशमलव स्थानों तक दिखाने की बात कही गई है। इससे छोटे भूखंडों के रिकॉर्ड को पढ़ने में अधिक स्पष्टता मिल सकती है। पोर्टल शुरू होने की सूचना का अर्थ यह नहीं है कि हर आवेदन स्वतः मंजूर होगा; पात्रता, अभिलेख और राजस्व नियमों के अनुसार ही फैसला होगा। आवेदन करने से पहले नागरिक राजस्व परिषद या अपने जिले के आधिकारिक पोर्टल पर सेवा और सही लिंक की पुष्टि करें।