इंफाल, 12 सितंबर: मणिपुर के धनमंजुरी विश्वविद्यालय में पीएचडी शोधार्थियों की बकाया वजीफा राशि जारी करने की मांग को लेकर अनिश्चितकालीन भूख हड़ताल शनिवार को चौथे दिन में पहुंच गई। प्रदर्शनकारियों के अनुसार, उन्होंने 9 सितंबर को छात्र संघ के समर्थन से आंदोलन शुरू किया था। 2022 में पीएचडी पाठ्यक्रम में प्रवेश लेने वाले शोधार्थियों को वजीफा मिलने में देरी की शिकायत है।
प्रदर्शन से जुड़ी जानकारी के मुताबिक, तबीयत बिगड़ने पर दो महिला शोधार्थियों को पहले जेएनआईएमएस अस्पताल में भर्ती कराया गया था। छुट्टी मिलने के बाद वे प्रदर्शन स्थल लौट आईं। शनिवार को एक अन्य महिला शोधार्थी को अस्पताल ले जाने की खबर है। इन स्वास्थ्य संबंधी विवरणों को प्रदर्शन से आई रिपोर्ट के रूप में ही देखा जाए।
शोधार्थियों ने विश्वविद्यालय और राज्य सरकार से बकाया राशि पर स्पष्ट निर्णय और जल्द भुगतान की मांग की है। उनके अनुसार, देरी से शोध कार्य और रोजमर्रा का खर्च प्रभावित हो रहा है। इस खबर के लिखे जाने तक प्रशासन की ओर से भुगतान की तारीख की पुष्ट घोषणा सामने नहीं आई थी।