गुजरात में रेल माल ढुलाई की सुविधाओं के विस्तार के तहत चार गति शक्ति कार्गो टर्मिनल राष्ट्र को समर्पित किए गए हैं। रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने 15 सितंबर को इन सुविधाओं के साथ मेहसाणा के लिंच में एक अन्य टर्मिनल की आधारशिला भी रखी। रेल मंत्रालय के अनुसार इसी कार्यक्रम में शिवलाखा से मीठापुर के लिए नमक लदी मालगाड़ी रवाना की गई।
चार टर्मिनल और एक शिलान्यास
समर्पित किए गए टर्मिनल कच्छ के शिवलाखा और भीमसार, मोरबी के देवलिया तथा बनासकांठा के चंदिसर में हैं। लिंच का काम शिलान्यास के चरण में है। इसलिए कार्यक्रम में शामिल सभी पाँच टर्मिनलों को चालू घोषित करना सही नहीं होगा।
मंत्रालय का कहना है कि इन सुविधाओं से स्थानीय उद्योगों को बंदरगाहों और देश के दूसरे बाजारों तक माल भेजने में मदद मिलेगी। बंदरगाहों की भीड़ घटाने तथा गुजरात से उत्तरी अंदरूनी क्षेत्रों की रेल माल ढुलाई बढ़ाने का उद्देश्य भी बताया गया है। लागत और समय में बचत संभावित लाभ हैं; विज्ञप्ति में इनकी कोई मापी गई दर नहीं दी गई है।
नमक के लिए हल्के स्टील कंटेनर
वैष्णव ने नमक ढुलाई के लिए नए हल्के स्टेनलेस स्टील कंटेनरों की विशेषताओं का उल्लेख किया। उनके अनुसार नमक नमी सोखता है और परंपरागत व्यवस्था में लोडिंग तथा अनलोडिंग की कठिनाइयाँ आती रही हैं। नए कंटेनर ऊपर से भरने और किनारे से खाली करने की सुविधा के साथ बनाए गए हैं।
शिवलाखा से मीठापुर भेजी गई मालगाड़ी गुजरात के नमक परिवहन में रेल का उपयोग बढ़ाने की पहल का हिस्सा है। मंत्री ने कहा कि देश में गति शक्ति कार्गो टर्मिनलों की चालू संख्या अब 150 हो गई है। यह राष्ट्रीय संख्या है, केवल गुजरात के टर्मिनलों की गिनती नहीं।
कच्छ में क्षमता विस्तार के काम
मंत्री के मुताबिक कच्छ क्षेत्र में करीब 5,600 करोड़ रुपये की रेलवे परियोजनाओं पर काम चल रहा है। समाखियाली–भचाऊ और गांधीधाम–आदिपुर हिस्से चार लाइन वाले बनाए जा चुके हैं, जबकि आदिपुर–भुज खंड को दोहरा करने का काम चल रहा है। उन्होंने भुज–नलिया के ब्रॉड गेज में परिवर्तन और नलिया–जखाऊ पोर्ट की नई लाइन को मंजूरी मिलने का भी उल्लेख किया।
कार्यक्रम में हाई-स्पीड रेल का अलग अपडेट देते हुए वैष्णव ने वापी–सूरत खंड का निर्माण दिसंबर 2026 तक पूरा करने का लक्ष्य बताया। इसके बाद परीक्षण होने हैं। यह निर्माण संबंधी लक्ष्य है; इसे उस तारीख से यात्रियों के लिए ट्रेन सेवा शुरू होने की घोषणा नहीं माना गया है।



