मोहाली, 24 सितंबर 2026। ग्रेटर मोहाली एरिया डेवलपमेंट अथॉरिटी यानी GMADA के मुख्यालय में प्रवर्तन निदेशालय की तलाशी गुरुवार को समाप्त हो गई। इसके बाद पंजाब सरकार ने अधिकारियों को कथित रूप से रोके जाने को लेकर हाईकोर्ट में दायर बंदी प्रत्यक्षीकरण याचिका वापस ले ली।
पंजाब एवं हरियाणा हाईकोर्ट ने बदली परिस्थितियों को देखते हुए याचिका वापस लेने की अनुमति दी। संबंधित मुद्दे उचित मंच पर उठाने की स्वतंत्रता रखी गई है। इसे ED की पूरी जाँच या सभी कानूनी प्रश्नों पर अंतिम फैसला नहीं माना जाना चाहिए।
सरकार ने कार्यालय में अधिकारियों को रोके जाने का आरोप लगाया था। अदालत द्वारा नियुक्त वारंट अधिकारी की रिपोर्ट में दर्ज है कि संबंधित अधिकारियों ने उन्हें अवैध रूप से हिरासत में रखने या दस्तावेजों पर हस्ताक्षर के लिए दबाव डालने से इनकार किया।
GMADA परिसर में कार्रवाई 22 सितंबर को शुरू हुई थी। तलाशी समाप्त होने की पुष्टि हुई है, लेकिन बरामद सामग्री और जाँच के निष्कर्षों पर अपुष्ट दावों को तथ्य नहीं माना जा सकता।