इंफाल, 16 सितंबर 2026: मणिपुर में बिजली की उपलब्ध आपूर्ति और अधिकतम मांग के बीच करीब 90 मेगावाट का अंतर आने के बाद राज्यभर में अस्थायी रोटेशनल बिजली कटौती लागू की गई है। मणिपुर स्टेट पावर डिस्ट्रीब्यूशन कंपनी लिमिटेड (MSPDCL) के अनुसार इस समय करीब 180 मेगावाट बिजली उपलब्ध है, जबकि पीक मांग लगभग 270 मेगावाट तक पहुँच रही है।
ग्रिड स्थिर रखने के लिए कटौती
वितरण कंपनी ने कहा कि सीमित आपूर्ति के बीच ग्रिड को स्थिर रखने के लिए अलग-अलग क्षेत्रों में बारी-बारी से कटौती करनी पड़ रही है। कंपनी ने इसे अस्थायी व्यवस्था बताया है और उपभोक्ताओं से संयम बरतने तथा गैर-जरूरी बिजली उपयोग कम करने की अपील की है।
आपूर्ति घटने के बताए गए कारण
MSPDCL के बयान पर आधारित रिपोर्ट में जलविद्युत उत्पादन घटने, ताप बिजली उत्पादन पर कोयले की कमी के असर और खुले ऊर्जा बाजार में पर्याप्त बिजली उपलब्ध न होने को प्रमुख कारण बताया गया है। कंपनी ने यह भी कहा कि आपूर्ति से जुड़ी समस्या केवल मणिपुर तक सीमित नहीं है और कई राज्यों पर इसका प्रभाव पड़ रहा है।
हालाँकि, सार्वजनिक रूप से उपलब्ध रिपोर्ट में जिलेवार या समयवार कटौती-सारणी नहीं दी गई है। इसलिए उपभोक्ताओं को अपने क्षेत्र के लिए MSPDCL या स्थानीय बिजली कार्यालय की आधिकारिक सूचना देखनी चाहिए और सोशल मीडिया पर चल रही अपुष्ट समय-सारणी पर निर्भर नहीं होना चाहिए।
सामान्य आपूर्ति कब बहाल होगी
कंपनी ने कहा है कि राज्य सरकार के साथ मिलकर अतिरिक्त बिजली जुटाने और कटौती की अवधि घटाने के विकल्प तलाशे जा रहे हैं। सामान्य आपूर्ति बहाल करने की कोई निश्चित तारीख घोषित नहीं की गई है। स्थिति उपलब्ध उत्पादन, बाजार से खरीद और मांग में बदलाव पर निर्भर करेगी।
अस्पताल और जरूरी सेवाओं के लिए सावधानी
बार-बार बिजली जाने से अस्पतालों, पेयजल पंपों, छोटे कारोबारों और घरों पर असर पड़ सकता है। आवश्यक उपकरण चलाने वाले संस्थानों को बैकअप व्यवस्था की जाँच करने और स्थानीय बिजली अधिकारियों से समन्वय रखने की जरूरत है। किसी तार, ट्रांसफॉर्मर या स्थानीय खराबी की स्थिति में केवल अधिकृत हेल्पलाइन या कार्यालय को सूचना दें।