پورا بھارت · اردو
▤   پورا بھارتدیش کی آوازمکمل تصویرقومی ایڈیشن
⌖ پورا بھارت

अमेरिकी फसल अनुमान में मक्का कम, सोयाबीन भंडार भी घटने का संकेत

मक्का और सोयाबीन फसलों का सांकेतिक दृश्य

सितंबर के अंतरराष्ट्रीय कृषि अनुमान में सोयाबीन और मक्का की दिशा अलग है। अमेरिकी कृषि विभाग ने 11 सितंबर को स्वीकृत 2026–27 के आपूर्ति-मांग अनुमान में अमेरिका के सोयाबीन उत्पादन और निर्यात का अनुमान बढ़ाया, जबकि मक्का उत्पादन और अंतिम भंडार का अनुमान घटाया। ये पूर्वानुमान हैं; भारत की मंडियों में आज का भाव या आने वाले दिनों की निश्चित कीमत नहीं।

सोयाबीन उत्पादन बढ़ा, भंडार घटा

अमेरिका में सोयाबीन उत्पादन करीब 4.5 अरब बुशल अनुमानित है, जो अगस्त से 1.6 करोड़ बुशल अधिक है। निर्यात अनुमान 1.69 अरब बुशल तक बढ़ा और अंतिम भंडार 31 करोड़ बुशल पर आया। उत्पादन बढ़ने के बावजूद अधिक निर्यात अनुमान से शेष भंडार कम हुआ। विभाग ने अमेरिकी किसानों को मिलने वाली औसत सोयाबीन कीमत का अनुमान 60 सेंट बढ़ाकर 12 डॉलर प्रति बुशल और सोया खली का 30 डॉलर बढ़ाकर 340 डॉलर प्रति शॉर्ट टन किया। सोयाबीन तेल का अनुमान 70 सेंट प्रति पाउंड पर ही रहा। ये अमेरिकी मौसमी औसत हैं, भारतीय रुपये प्रति क्विंटल के भाव नहीं।

मक्का के लिए कम उपज का अनुमान

अमेरिकी मक्का उत्पादन का अनुमान 15.8 अरब बुशल है, जो पिछले महीने से 21.3 करोड़ बुशल कम है। प्रमुख कारण औसत उपज का अनुमान 2.2 बुशल प्रति एकड़ घटकर 178.5 होना है। निर्यात अनुमान 3.3 अरब बुशल पर अपरिवर्तित है और अंतिम भंडार लगभग 1.6 अरब बुशल रह सकता है। अमेरिकी उत्पादकों के लिए मौसमी औसत मक्का कीमत का अनुमान 30 सेंट बढ़ाकर 4.80 डॉलर प्रति बुशल किया गया।

भारतीय किसान क्या समझें

रिपोर्ट में भारत के मक्का उत्पादन का अनुमान भी कम किया गया है। विभाग ने कम कटाई क्षेत्र और सामान्य से कम बारिश के कारण उपज की संभावना कमजोर बताई। वैश्विक सोयाबीन अनुमान में भारत और यूरोपीय संघ के कम उत्पादन को अमेरिका तथा कनाडा की बढ़ोतरी आंशिक रूप से संतुलित करती है। यह भारत की सरकारी फसल कटाई रिपोर्ट का विकल्प नहीं है।

आयात, निर्यात, विनिमय दर और घरेलू आवक के कारण विदेशी अनुमान का असर स्थानीय मंडी में सीधा और समान नहीं होता। किसान अपने क्षेत्र की नियमित मंडी बोली, गुणवत्ता और सरकारी फसल आंकड़े देखकर बिक्री तय करें। एक महीने के अनुमान से खरीद या बिक्री की गारंटी निकालना जोखिमपूर्ण होगा।