पूरा भारत · हिन्दी
▤   पूरा भारतदेश की आवाज़पूरी तस्वीरराष्ट्रीय संस्करण
⌖ पूरा भारत

कर्नाटक 2,186 करोड़ रुपये के पंचायत अनुदान पर सुप्रीम कोर्ट जाएगा, 710 गांवों में जल संकट का दावा

बेंगलुरु: कर्नाटक सरकार ने ग्राम पंचायतों के लिए 15वें वित्त आयोग के तहत 2,186.20 करोड़ रुपये जारी न होने के मामले में सुप्रीम कोर्ट जाने का फैसला किया है। ग्रामीण विकास एवं पंचायत राज मंत्री ईश्वर बी. खंड्रे ने एडवोकेट जनरल शशिकिरण शेट्टी और वरिष्ठ अधिकारियों के साथ कानूनी विकल्पों पर चर्चा की।

राज्य सरकार ने बताया ग्रामीण सेवाओं पर असर

खंड्रे के अनुसार यह राशि वित्त वर्ष 2025-26 के लिए ग्राम पंचायतों को मिलनी थी। राज्य सरकार का कहना है कि अनुदान रुकने से ग्रामीण बुनियादी सेवाओं पर दबाव बढ़ सकता है। केंद्र सरकार का विस्तृत पक्ष उपलब्ध रिपोर्टों में शामिल नहीं है, इसलिए राशि रोकने के कारणों पर अंतिम निष्कर्ष अदालत या आधिकारिक जवाब के बाद ही स्पष्ट होगा।

मंत्री ने दावा किया कि कम बारिश के कारण राज्य के 710 गांवों में पेयजल की समस्या है। इनमें 149 गांवों तक टैंकरों से पानी पहुँचाया जा रहा है और 561 निजी बोरवेल की सेवाएँ ली गई हैं। ये आंकड़े राज्य सरकार की ओर से दिए गए हैं।

पंचायत चुनाव की तैयारी भी जारी

बैठक में ग्राम, तालुक और जिला पंचायत चुनावों की तैयारियों पर भी चर्चा हुई। मंत्री ने कहा कि चुनावों के लिए प्रारंभिक अधिसूचना जल्द जारी की जाएगी। कानूनी याचिका दाखिल होने और सुप्रीम कोर्ट में सुनवाई की तारीख की औपचारिक पुष्टि अभी बाकी है।