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23 सितंबर का शेयर बाजार: सेंसेक्स 299 अंक चढ़ा, निफ्टी 23,446 पर बंद

भारतीय शेयर बाजार में बढ़त का सांकेतिक चित्र

भारतीय शेयर बाजार में 23 सितंबर 2026 का कारोबार बढ़त के साथ समाप्त हुआ। सेंसेक्स 299.17 अंक यानी 0.40 प्रतिशत चढ़कर 74,828.25 पर बंद हुआ। निफ्टी 50 में 117.80 अंक यानी 0.50 प्रतिशत की तेजी रही और इसका बंद स्तर 23,446.80 रहा। ये बुधवार के कारोबारी सत्र के अंतिम आंकड़े हैं, 24 सितंबर के लाइव भाव नहीं।

बाजार की बढ़त में धातु और रियल एस्टेट कंपनियों के शेयरों ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। एफएमसीजी और सरकारी बैंकों में भी खरीदारी दिखी। दूसरी ओर सूचना प्रौद्योगिकी क्षेत्र में कमजोरी रही। इस तरह प्रमुख सूचकांकों की तेजी के बावजूद सभी क्षेत्रों का प्रदर्शन एक जैसा नहीं रहा।

शेयर बाजार के प्रमुख बंद स्तर

सूचकांक बंद स्तर अंकों में बढ़त प्रतिशत बदलाव
सेंसेक्स 74,828.25 299.17 0.40%
निफ्टी 50 23,446.80 117.80 0.50%

निफ्टी का बंद भाव 23,400 के ऊपर रहा। अंकों के आधार पर सेंसेक्स की बढ़त बड़ी दिखती है, लेकिन प्रतिशत के हिसाब से निफ्टी में अधिक तेजी आई। अलग-अलग आधार स्तर वाले सूचकांकों की तुलना करते समय प्रतिशत बदलाव ज्यादा उपयोगी होता है।

मिडकैप और स्मॉलकैप में भी खरीदारी

तेजी केवल बड़ी कंपनियों तक सीमित नहीं रही। निफ्टी मिडकैप 100 में करीब 0.7 प्रतिशत और स्मॉलकैप 100 में लगभग 0.9 प्रतिशत की बढ़त दर्ज हुई। दोनों सूचकांकों ने दो सत्रों से चल रही गिरावट का क्रम तोड़ा।

एनएसई पर शाम चार बजे उपलब्ध बाजार के रुझान में 2,344 शेयर बढ़त और 1,232 शेयर गिरावट में थे, जबकि 113 शेयरों में बदलाव नहीं था। यह पूरे एक्सचेंज के शेयरों का रुझान है, केवल निफ्टी 50 की कंपनियों की गिनती नहीं। बढ़ने वाले शेयरों की संख्या ज्यादा रहने से खरीदारी का दायरा प्रमुख सूचकांकों से आगे भी दिखाई दिया।

धातु शेयर आगे, आईटी में दबाव

क्षेत्रवार प्रदर्शन में मेटल सूचकांक लगभग 2.4 प्रतिशत चढ़ा। टेलीकॉम, सरकारी बैंक, रियल एस्टेट और एफएमसीजी सूचकांकों में एक प्रतिशत से अधिक बढ़त रही। इसके उलट आईटी सूचकांक करीब 0.8 प्रतिशत और मीडिया सूचकांक लगभग 0.5 प्रतिशत नीचे रहे।

निफ्टी के बढ़त वाले प्रमुख शेयरों में टाटा स्टील, बजाज फाइनेंस, हिंडाल्को, जेएसडब्ल्यू स्टील और अपोलो हॉस्पिटल्स शामिल रहे। कोल इंडिया, एचसीएल टेक्नोलॉजीज, टाइटन, टीसीएस और इन्फोसिस में कमजोरी दिखी। बाजार का सकारात्मक बंद होना इसलिए हर शेयर में बढ़त का संकेत नहीं था।

अगले सत्र के लिए क्या मायने?

बुधवार के बंद स्तर अगले कारोबारी सत्र की तुलना के लिए आधार हैं। नए सत्र में शुरुआती कारोबार, अलग-अलग क्षेत्रों की भागीदारी और बढ़ने-गिरने वाले शेयरों के अनुपात से बाजार की अगली दिशा स्पष्ट होगी। एक दिन की बढ़त को आगे लगातार तेजी की गारंटी नहीं माना जा सकता। इस रिपोर्ट में दिए गए सभी बाजार स्तर 23 सितंबर के सत्र से संबंधित हैं।