इंफाल: मणिपुर में नेशनल रजिस्टर ऑफ सिटिजन्स (NRC) को 1951 आधार वर्ष के साथ अपडेट करने की मांग पर अभियान चला रहे Campaign for Just and Fair Delimitation (JFD) ने 11 सितंबर से राज्य और केंद्र सरकार के कार्यालयों को बंद रखने का आह्वान किया है। संगठन का कहना है कि उसने राज्य सरकार को 10 सितंबर तक केंद्र के सामने यह मांग उठाने का समय दिया था, लेकिन ठोस कदम नहीं उठाया गया।
जरूरी सेवाओं को छूट
JFD के संयोजक जीतेंद्र निंगोम्बा के अनुसार प्रस्तावित आंदोलन से बिजली, पानी, चिकित्सा, कृषि, अदालत, डाकघर और बैंक जैसी जरूरी सेवाओं को छूट दी गई है। संगठन ने आम लोगों से आंदोलन का समर्थन करने की अपील की है।
यह एक संगठन द्वारा घोषित विरोध कार्यक्रम है। खबर लिखे जाने तक सरकारी कार्यालयों के कामकाज पर इसके वास्तविक असर की व्यापक आधिकारिक पुष्टि उपलब्ध नहीं थी। कर्मचारियों और आम नागरिकों को स्थानीय प्रशासन तथा संबंधित विभागों की ताजा सूचना देखकर ही यात्रा या कार्यालय संबंधी योजना बनानी चाहिए।
मांग की पृष्ठभूमि
JFD मणिपुर में जनगणना और परिसीमन से पहले NRC अपडेट करने तथा 1951 को आधार वर्ष मानने की मांग कर रहा है। संगठन ने इससे पहले भी इसी मुद्दे पर विरोध दर्ज कराया था। मीडिया की 8 सितंबर की रिपोर्ट में कहा गया था कि JFD ने 10 सितंबर तक आधिकारिक आश्वासन न मिलने पर अगले दिन से सरकारी कार्यालयों में कर्मचारियों की उपस्थिति रोकने का प्रस्ताव पारित किया था।
मीडिया ने 10 सितंबर की रिपोर्ट में बताया कि संगठन ने छह लंबित मांगों में NRC के आधार वर्ष को प्रमुख मुद्दा बताया। इन दावों पर केंद्र या मणिपुर सरकार की ताजा विस्तृत प्रतिक्रिया खबर लिखे जाने तक सामने नहीं आई थी।
घटनाक्रम बदलने पर इसे अपडेट किया जा सकता है।